DBT ने 40 साल पूरे किए
बायोटेक्नोलॉजी डिपार्टमेंट (DBT) ने फरवरी 2026 में अपना 40वां स्थापना दिवस मनाया, जिसमें वैज्ञानिक तरक्की के चार दशक पूरे होने का जश्न मनाया गया। यह यादगार इवेंट सिविल सर्विसेज ऑफिसर्स इंस्टीट्यूट, चाणक्यपुरी, नई दिल्ली में हुआ।
केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने बायोटेक्नोलॉजी को भारत के भविष्य के इंडस्ट्रियल विकास का एक अहम हिस्सा बताया। यह मौका 1986 में DBT के कैपेसिटी बिल्डिंग से नेशनल इनोवेशन ड्राइवर बनने के बदलाव का प्रतीक था।
स्टेटिक GK फैक्ट: DBT भारत सरकार के साइंस और टेक्नोलॉजी मंत्रालय के तहत काम करता है।
सुजविका पोर्टल का लॉन्च
इस खास दिन पर, मंत्री ने AI से चलने वाला बायोटेक प्रोडक्ट डेटा पोर्टल सुजविका लॉन्च किया। इसे एसोसिएशन ऑफ़ बायोटेक्नोलॉजी लेड एंटरप्राइजेज (ABLE) के साथ मिलकर बनाया गया है।
SUJVIKA को ट्रेड स्टैटिस्टिक्स डिजिटल इंटेलिजेंस प्लेटफॉर्म के तौर पर डिज़ाइन किया गया है। यह बायोटेक्नोलॉजी प्रोडक्ट इंपोर्ट पर स्ट्रक्चर्ड और ऑथेंटिकेटेड डेटा देता है।
यह पोर्टल बायोकेमिकल प्रोडक्ट, इंडस्ट्रियल एंजाइम और हाई–वैल्यू बायोटेक इंपोर्ट के बारे में सेक्टर–वाइज़ जानकारी देता है। यह इंपोर्ट पर निर्भरता का भी आकलन करता है और इंडिजिनाइज़ेशन स्ट्रेटेजी को सपोर्ट करता है।
यह पहल सबूतों पर आधारित पॉलिसी बनाने को बढ़ावा देती है और बायोटेक्नोलॉजी मैन्युफैक्चरिंग में पब्लिक–प्राइवेट पार्टनरशिप को मज़बूत करती है।
स्टैटिक GK टिप: ABLE भारत के बायोटेक्नोलॉजी एंटरप्राइज को रिप्रेजेंट करने वाली एक लीडिंग इंडस्ट्री बॉडी है।
भारत की बढ़ती बायोइकॉनमी
पिछले एक दशक में भारत की बायोइकॉनमी तेज़ी से बढ़ी है। यह 2014 में लगभग USD 10 बिलियन से बढ़कर 2024 में USD 165.7 बिलियन हो गया।
बायोटेक स्टार्टअप की संख्या 2014 में 100 से भी कम से बढ़कर 2026 में 11,000 से ज़्यादा हो गई। सरकार ने विकसित भारत के विज़न के तहत 2047 तक $1 ट्रिलियन की बायोइकॉनमी बनाने का टारगेट रखा है।
भारत दुनिया के बड़े वैक्सीन प्रोड्यूसर में से एक है। हाल की हेल्थ इमरजेंसी के दौरान देश ने ग्लोबल इम्यूनाइज़ेशन की कोशिशों में अहम भूमिका निभाई।
स्टैटिक GK फैक्ट: भारत को बड़े पैमाने पर वैक्सीन और जेनेरिक दवा प्रोडक्शन की वजह से “दुनिया की फार्मेसी” के तौर पर जाना जाता है।
पॉलिसी और इंस्टीट्यूशनल सपोर्ट
यूनियन कैबिनेट ने इनोवेशन को तेज़ करने के लिए BioE3 पॉलिसी (इकॉनमी, एनवायरनमेंट और एम्प्लॉयमेंट के लिए बायोटेक्नोलॉजी) को मंज़ूरी दी। इसे बायोटेक्नोलॉजी इंडस्ट्री रिसर्च असिस्टेंस काउंसिल (BIRAC) और बायोटेक्नोलॉजी रिसर्च एंड इनोवेशन काउंसिल (BRIC) लागू कर रहे हैं।
सरकार ने 6 बायोफाउंड्री और 21 बायो–इनेबलर सुविधाओं के साथ एक नेशनल बायोफाउंड्री नेटवर्क बनाया है। इसके अलावा, 21 राज्यों और UTs में 95 बायो–इनक्यूबेटर स्टार्टअप इकोसिस्टम को सपोर्ट कर रहे हैं।
₹1 लाख करोड़ के रिसर्च, डेवलपमेंट और इनोवेशन इनिशिएटिव के तहत ₹2,000 करोड़ के नेशनल कॉल की भी घोषणा की गई है।
ब्रेकथ्रू साइंटिफिक इनिशिएटिव
जीनोमइंडिया प्रोजेक्ट के तहत, इंडियन बायोलॉजिकल डेटा सेंटर के ज़रिए 99 पॉपुलेशन के 10,000 लोगों का जीनोम सीक्वेंसिंग डेटा जारी किया गया है। इससे प्रिसिजन मेडिसिन रिसर्च को मजबूती मिलती है।
भारत ने सीवियर हीमोफीलिया A के लिए अपना पहला ह्यूमन जीन थेरेपी ट्रायल भी पूरा किया, जिससे लगातार फैक्टर VIII प्रोडक्शन हासिल हुआ।
DBT और इंडियन स्पेस रिसर्च ऑर्गनाइजेशन (ISRO) के बीच एक MoU ने स्पेस मिशन के दौरान बायोटेक्नोलॉजी एक्सपेरिमेंट को मुमकिन बनाया है, जिससे भारत के रिसर्च फ्रंटियर का विस्तार हुआ है।
डिजिटल गवर्नेंस को बढ़ावा
मंत्री ने डिजिटल ब्रांड आइडेंटिटी मैनुअल (DBIM) फ्रेमवर्क के साथ DBT की नई वेबसाइट भी लॉन्च की। यह स्टैंडर्ड डिजिटल गवर्नेंस के लिए सरकार के कमिटमेंट को दिखाता है।
SUJVIKA का लॉन्च AI-इनेबल्ड बायोटेक्नोलॉजी इंटेलिजेंस की दिशा में एक बड़ा कदम है। यह स्ट्रेटेजिक प्लानिंग को मज़बूत करता है और एक ट्रिलियन–डॉलर बायोइकॉनमी की ओर भारत के सफ़र को तेज़ करता है।
स्टैटिक उस्तादियन करंट अफेयर्स तालिका
| विषय | विवरण |
| विभाग स्थापना वर्ष | 1986 |
| स्थापना दिवस (2026) | 40वाँ स्थापना वर्ष |
| पोर्टल का शुभारंभ | सुज्विका कृत्रिम बुद्धिमत्ता जैव-प्रौद्योगिकी डेटा पोर्टल |
| सहयोगी निकाय | जैव-प्रौद्योगिकी संचालित उद्यम संघ |
| जैव-अर्थव्यवस्था आकार (2014) | लगभग 10 अरब अमेरिकी डॉलर |
| जैव-अर्थव्यवस्था आकार (2024) | 165.7 अरब अमेरिकी डॉलर |
| 2047 तक लक्ष्य | 1 ट्रिलियन अमेरिकी डॉलर की जैव-अर्थव्यवस्था |
| जीनोम इंडिया डेटा | 10,000 व्यक्ति, 99 जनसंख्या समूह |
| राष्ट्रीय जैव-फाउंड्री | 6 जैव-फाउंड्री |
| जैव-इनक्यूबेटर | 21 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में 95 |





