जितेंद्र मिश्रा ट्रस्ट के CEO नियुक्त
रिटायर्ड एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा को ‘श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट‘ का पहला मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) नियुक्त किया गया है। यह ट्रस्ट उत्तर प्रदेश के अयोध्या में राम मंदिर परिसर के विकास और प्रशासन की देखरेख करता है।
CEO का पद बनाना ट्रस्ट के प्रशासनिक और वित्तीय प्रबंधन को मजबूत करने की दिशा में एक कदम है। यह नियुक्ति मंदिर प्रोजेक्ट से जुड़े दान के प्रबंधन और सुरक्षा को लेकर जताई जा रही चिंताओं के बीच हुई है।
मिश्रा के पास भारतीय वायु सेना (IAF) में तीन दशकों से अधिक का अनुभव है, जिसमें ऑपरेशनल, तकनीकी और नेतृत्व से जुड़ी जिम्मेदारियां शामिल हैं।
भारतीय वायु सेना में शानदार करियर
प्रेस सूचना ब्यूरो (PIB) से मिली जानकारी के अनुसार, जितेंद्र मिश्रा 6 दिसंबर 1986 को फाइटर पायलट के तौर पर भारतीय वायु सेना में शामिल हुए थे।
अपने सैन्य करियर के दौरान, उन्होंने कई ऑपरेशनल और कमांड असाइनमेंट में काम किया। उन्हें फाइटर कॉम्बैट लीडर और एक्सपेरिमेंटल टेस्ट पायलट के तौर पर जाना जाता है, और उनके पास 3,000 घंटे से ज़्यादा उड़ान का अनुभव है।
उम्मीद है कि एविएशन, टेक्नोलॉजी, लीडरशिप और ऑर्गेनाइजेशनल मैनेजमेंट में उनका व्यापक अनुभव नई बनी एग्जीक्यूटिव पोस्ट पर उनकी जिम्मेदारियों को निभाने में मददगार साबित होगा।
स्टैटिक GK टिप: भारतीय वायु सेना (IAF) भारतीय सशस्त्र बलों का हवाई अंग है और इसकी आधिकारिक स्थापना 8 अक्टूबर 1932 को हुई थी। हर साल 8 अक्टूबर को वायु सेना दिवस मनाया जाता है।
शिक्षा और प्रोफेशनल ट्रेनिंग
मिश्रा ने भारत और विदेश के कई प्रमुख रक्षा संस्थानों में ट्रेनिंग और उच्च शिक्षा प्राप्त की है। उनकी शैक्षिक पृष्ठभूमि में नेशनल डिफेंस एकेडमी (NDA), पुणे और एयर फोर्स टेस्ट पायलट्स स्कूल, बेंगलुरु शामिल हैं।
उन्होंने संयुक्त राज्य अमेरिका में एयर कमांड एंड स्टाफ कॉलेज और यूनाइटेड किंगडम में रॉयल कॉलेज ऑफ डिफेंस स्टडीज में भी पढ़ाई की है। स्टैटिक GK फ़ैक्ट: नेशनल डिफ़ेंस एकेडमी महाराष्ट्र में पुणे के पास खड़कवासला में स्थित है। यहाँ आर्मी, नेवी और एयर फ़ोर्स के कैडेट्स को उनकी खास मिलिट्री ट्रेनिंग से पहले एक साथ ट्रेनिंग दी जाती है।
CEO पद के लिए सिलेक्शन प्रोसेस
नई बनाई गई CEO पोस्ट के लिए भर्ती प्रक्रिया में लगभग 5,200 आवेदन आए। शुरुआती स्क्रीनिंग के बाद, इंटरव्यू के लिए 18 कैंडिडेट्स को शॉर्टलिस्ट किया गया, जो अगस्त 2026 में शुरू हुए।
सिलेक्शन प्रोसेस में कैंडिडेट्स को कई पर्सनल और बैकग्राउंड से जुड़े पहलुओं पर परखा गया, जिसमें धार्मिक मान्यताओं और पर्सनल आचरण से जुड़े सवाल भी शामिल थे।
आखिरकार मिश्रा सफल कैंडिडेट के तौर पर चुने गए, जिससे वे श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट में एग्जीक्यूटिव–लेवल पर नियुक्त होने वाले पहले व्यक्ति बन गए।
नियुक्ति का महत्व
यह नियुक्ति राम मंदिर ट्रस्ट के लिए एक अहम संगठनात्मक विकास है, क्योंकि CEO ट्रस्ट की बढ़ती प्रशासनिक जिम्मेदारियों के लिए समर्पित एग्जीक्यूटिव-लेवल की लीडरशिप देंगे।
मिलिट्री लीडरशिप, एविएशन टेक्नोलॉजी और इंस्टीट्यूशनल मैनेजमेंट में अपने लंबे अनुभव के साथ, जितेंद्र मिश्रा एक ऐसा प्रोफ़ेशनल बैकग्राउंड लेकर आए हैं जो ट्रस्ट से जुड़े पारंपरिक धार्मिक और प्रशासनिक ढांचे से अलग है।
स्टैटिक GK टिप: श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की स्थापना भारत सरकार ने 2020 में अयोध्या में राम जन्मभूमि मंदिर परिसर के निर्माण और उससे जुड़े कामों को मैनेज करने के लिए की थी।
उस्तादियन समसामयिकी स्थायी तथ्य तालिका
| तथ्य | विवरण |
| नए CEO | जीतेंद्र मिश्रा |
| पद | प्रथम मुख्य कार्यकारी अधिकारी |
| संगठन | श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट |
| स्थान | अयोध्या, उत्तर प्रदेश |
| भारतीय वायु सेना में कमीशन | 6 दिसंबर 1986 |
| सैन्य पृष्ठभूमि | लड़ाकू पायलट और एयर मार्शल |
| उड़ान अनुभव | 3,000 घंटे से अधिक |
| प्राप्त आवेदन | लगभग 5,200 |
| साक्षात्कार किए गए उम्मीदवार | शॉर्टलिस्ट किए गए 18 उम्मीदवार |





