आधार मैस्कॉट उदय का लॉन्च
भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) ने आधार सेवाओं को और अधिक लोगों के अनुकूल और सुलभ बनाने के लिए उदय (उदय) नाम का आधार मैस्कॉट लॉन्च किया है। इस मैस्कॉट को आधार से संबंधित जानकारी को सरल बनाने के लिए निवासियों के सामने एक कम्युनिकेशन साथी के रूप में पेश किया गया है।
उदय को मिलनसार, भरोसेमंद और समझने में आसान बनाया गया है। इस पहल का उद्देश्य डिजिटल पहचान सेवाओं को मानवीय बनाना और आधार सिस्टम के साथ सार्वजनिक जुड़ाव को बेहतर बनाना है।
उदय को पेश करने के पीछे का उद्देश्य
उदय का मुख्य उद्देश्य जटिल तकनीक और आम नागरिकों के बीच की खाई को पाटना है। यह मैस्कॉट आधार सेवाओं को सरल और दृश्य तरीके से समझाने में मदद करेगा।
जिन मुख्य क्षेत्रों में उदय सहायता करेगा, उनमें आधार अपडेट, प्रमाणीकरण प्रक्रियाएं, ऑफलाइन आधार सत्यापन और आधार जानकारी को चुनिंदा रूप से साझा करना शामिल है। आधार के जिम्मेदार और सुरक्षित उपयोग पर भी जोर दिया गया है।
स्टेटिक जीके तथ्य: UIDAI की स्थापना 2009 में आधार अधिनियम, 2016 के तहत एक वैधानिक प्राधिकरण के रूप में की गई थी।
नागरिक-केंद्रित कम्युनिकेशन को बढ़ाना
UIDAI का लक्ष्य आधार कम्युनिकेशन को समावेशी बनाना है, खासकर पहली बार इस्तेमाल करने वालों, वरिष्ठ नागरिकों और दूरदराज के इलाकों में रहने वाले निवासियों के लिए। मैस्कॉट-आधारित कम्युनिकेशन भाषा, साक्षरता और प्रौद्योगिकी की बाधाओं को दूर करने में मदद करता है।
उदय आधार से जुड़ी नई तकनीकों के बारे में जागरूकता बढ़ाने में भी सहायता करेगा। यह नागरिक-केंद्रित डिजिटल गवर्नेंस की दिशा में भारत के व्यापक प्रयास को दर्शाता है।
MyGov के माध्यम से राष्ट्रीय प्रतियोगिता
मैस्कॉट का चयन MyGov प्लेटफॉर्म पर आयोजित खुली राष्ट्रीय स्तर की डिजाइन और नामकरण प्रतियोगिताओं के माध्यम से किया गया था। इस सहभागी दृष्टिकोण ने आधार की कम्युनिकेशन पहचान को आकार देने में सार्वजनिक भागीदारी सुनिश्चित की।
पूरे भारत से छात्रों, पेशेवरों, डिजाइनरों और रचनात्मक योगदानकर्ताओं से कुल 875 प्रविष्टियाँ प्राप्त हुईं। एक बहु-स्तरीय मूल्यांकन प्रक्रिया ने पारदर्शिता और गुणवत्ता सुनिश्चित की।
स्टेटिक जीके टिप: MyGov इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के तहत 2014 में लॉन्च किया गया एक नागरिक जुड़ाव मंच है।
मैस्कॉट प्रतियोगिताओं के विजेता
मैस्कॉट डिजाइन प्रतियोगिता में केरल के त्रिशूर के अरुण गोकुल ने पहला पुरस्कार जीता। दूसरा और तीसरा पुरस्कार क्रमशः पुणे के इदरीस दावाइवाला और गाजीपुर के कृष्णा शर्मा को दिया गया।
मैस्कॉट नामकरण प्रतियोगिता के लिए, भोपाल की रिया जैन ने पहला स्थान हासिल किया। उदय नाम, जिसका अर्थ है उदय या प्रगति, आधार से जुड़े सशक्तिकरण और विकास का प्रतीक है।
आधिकारिक अनावरण और बयान
मैस्कॉट का आधिकारिक अनावरण UIDAI के चेयरमैन नीलकंठ मिश्रा ने तिरुवनंतपुरम में आयोजित एक कार्यक्रम में किया। इस कार्यक्रम के दौरान प्रतियोगिता के विजेताओं को सम्मानित किया गया।
UIDAI के CEO भुवनेश कुमार ने कहा कि सार्वजनिक भागीदारी डिजिटल सिस्टम में विश्वास और स्वीकृति को मजबूत करती है। विवेक सी वर्मा ने बताया कि उदय एक कथावाचक के रूप में काम करेगा जो निवासियों को आधार सेवाओं से आसानी से जुड़ने में मदद करेगा।
प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए प्रासंगिकता
उदय का लॉन्च डिजिटल गवर्नेंस, ई-गवर्नेंस पहल और नागरिक-केंद्रित सार्वजनिक सेवा वितरण जैसे विषयों के तहत प्रासंगिक है। यह बड़े पैमाने पर डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर को अधिक समावेशी बनाने के लिए भारत के विकसित दृष्टिकोण को दर्शाता है।
स्टेटिक GK तथ्य: आधार दुनिया की सबसे बड़ी बायोमेट्रिक ID प्रणाली है, जिसमें एक अरब से अधिक निवासी शामिल हैं।
स्थिर उस्थादियन करंट अफेयर्स तालिका
| विषय | विवरण |
| आधार मैस्कॉट | उदय |
| लॉन्च करने वाला | यूनिक आइडेंटिफिकेशन अथॉरिटी ऑफ इंडिया |
| उद्देश्य | आधार से जुड़ी संचार प्रक्रिया को सरल और मानवीय बनाना |
| चयन का मंच | मायगव |
| कुल प्रविष्टियाँ | 875 |
| नाम का प्रतीकात्मक अर्थ | विकास, प्रगति, सशक्तिकरण |
| लॉन्च के समय अध्यक्ष | नीलकंठ मिश्रा |
| लॉन्च का स्थान | तिरुवनंतपुरम |
| परीक्षा प्रासंगिकता | डिजिटल गवर्नेंस, ई-गवर्नेंस सुधार |





