नम्मा अरसु प्लेटफॉर्म का लॉन्च
तमिलनाडु सरकार ने एक परिचित डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से सार्वजनिक सेवाओं तक पहुंच को आसान बनाने के लिए नम्मा अरसु व्हाट्सएप चैटबॉट लॉन्च किया है। इस पहल का उद्देश्य इंस्टेंट मैसेजिंग तकनीक का उपयोग करके नागरिकों और सरकारी विभागों के बीच की खाई को पाटना है।
चैटबॉट को आधिकारिक तौर पर UmagineTN 2026 कार्यक्रम के दौरान पेश किया गया था, जो गवर्नेंस में डिजिटल नवाचारों को प्रदर्शित करने वाला एक प्रमुख प्लेटफॉर्म है। यह लॉन्च राज्य का प्रौद्योगिकी-संचालित सार्वजनिक सेवा वितरण पर ध्यान केंद्रित करने को दर्शाता है।
पहुंच और तकनीकी ढांचा
नागरिक व्हाट्सएप पर +91 7845252525 पर मैसेज भेजकर नम्मा अरसु चैटबॉट तक पहुंच सकते हैं। इस सेवा के लिए अतिरिक्त ऐप डाउनलोड या पंजीकरण की आवश्यकता नहीं है, जिससे यह पहली बार डिजिटल उपयोगकर्ताओं के लिए भी सुलभ है।
चैटबॉट एक केंद्रीकृत डिजिटल गेटवे के रूप में कार्य करता है, जो कई राज्य सरकारी विभागों की सेवाओं को एकीकृत करता है। यह दृष्टिकोण प्रक्रियात्मक देरी को कम करता है और प्रतिक्रिया दक्षता में सुधार करता है।
स्टेटिक जीके तथ्य: तमिलनाडु कई विभागों को एकीकृत करने वाले बड़े पैमाने पर डिजिटल गवर्नेंस प्लेटफॉर्म अपनाने वाले शुरुआती भारतीय राज्यों में से एक है।
सरकारी सेवाओं की श्रृंखला
नम्मा अरसु व्हाट्सएप चैटबॉट वर्तमान में 51 सरकारी सेवाओं तक पहुंच प्रदान करता है। ये सेवाएं राजस्व, सामाजिक कल्याण, नागरिक प्रशासन और सार्वजनिक उपयोगिताओं तक फैली हुई हैं।
मुख्य सेवाओं में प्रमाणपत्र डाउनलोड, उपयोगिता बिल भुगतान, कर भुगतान और आवेदनों की स्थिति पर नज़र रखना शामिल है। नागरिक कल्याण योजनाओं और पात्रता मानदंडों से संबंधित जानकारी भी प्राप्त कर सकते हैं।
यह बहु-सेवा एकीकरण भौतिक कार्यालयों और लंबी कतारों पर निर्भरता को कम करता है।
शिकायत निवारण और नागरिक जुड़ाव
चैटबॉट की एक प्रमुख विशेषता शिकायत दर्ज करने की व्यवस्था है, जो नागरिकों को सीधे व्हाट्सएप के माध्यम से शिकायतें दर्ज करने की अनुमति देती है। शिकायतों को कार्रवाई और निगरानी के लिए संबंधित विभागों को भेजा जाता है।
यह प्लेटफॉर्म शिकायत की स्थिति पर वास्तविक समय के अपडेट प्रदान करके पारदर्शिता और जवाबदेही को बढ़ावा देता है। यह नागरिकों और प्रशासन के बीच विश्वास को बढ़ाता है।
स्टेटिक जीके टिप: डिजिटल शिकायत निवारण प्रणाली भारत की राष्ट्रीय ई-गवर्नेंस योजना का एक मुख्य घटक है।
डिजिटल गवर्नेंस के लिए महत्व
नम्मा अरसु पहल भारत में सबसे व्यापक रूप से उपयोग किए जाने वाले मैसेजिंग प्लेटफॉर्म में से एक, व्हाट्सएप का उपयोग करके डिजिटल समावेशन को मजबूत करती है। यह सीमित डिजिटल साक्षरता वाली ग्रामीण और अर्ध-शहरी आबादी तक पहुंच सुनिश्चित करता है। सर्विस को एक साथ लाकर, चैटबॉट मिनिमम गवर्नमेंट और मैक्सिमम गवर्नेंस के लक्ष्यों को सपोर्ट करता है। यह डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर के बड़े राष्ट्रीय उद्देश्यों के साथ भी मेल खाता है।
यह पहल तमिलनाडु को नागरिक-केंद्रित गवर्नेंस सुधारों में एक लीडर के रूप में स्थापित करती है।
प्रशासनिक और नीतिगत प्रभाव
चैटबॉट रूटीन सर्विस रिक्वेस्ट को ऑटोमेट करके प्रशासनिक वर्कलोड को कम करता है। यह विभागों को सर्विस देने के बजाय पॉलिसी लागू करने पर ध्यान केंद्रित करने में सक्षम बनाता है।
समय के साथ, नागरिकों के साथ बातचीत से जेनरेट किया गया डेटा सर्विस डिज़ाइन और पॉलिसी फीडबैक मैकेनिज्म को बेहतर बनाने में मदद कर सकता है। यह एविडेंस-बेस्ड गवर्नेंस की ओर एक बदलाव को दिखाता है।
स्टैटिक GK फैक्ट: WhatsApp-बेस्ड गवर्नेंस टूल का इस्तेमाल भारतीय राज्यों द्वारा लास्ट-माइल सर्विस डिलीवरी के लिए तेजी से किया जा रहा है।
स्थिर उस्थादियन करंट अफेयर्स तालिका
| विषय | विवरण |
| पहल का नाम | नम्मा अरसु व्हाट्सऐप चैटबॉट |
| लॉन्च करने वाला | तमिलनाडु सरकार |
| लॉन्च का अवसर | उमैजिन टीएन 2026 |
| पहुँच का माध्यम | व्हाट्सऐप संदेश द्वारा +91 7845252525 |
| सेवाओं की संख्या | 51 सरकारी सेवाएँ |
| प्रमुख विशेषताएँ | प्रमाणपत्र डाउनलोड, बिल भुगतान, कल्याणकारी सेवाएँ |
| शिकायत सुविधा | एकीकृत शिकायत दर्ज करने की प्रणाली |
| शासन मॉडल | डिजिटल एवं नागरिक-केंद्रित सेवा वितरण |
| लक्षित लाभार्थी | तमिलनाडु के नागरिक |
| व्यापक उद्देश्य | ई-गवर्नेंस और पहुँच में सुदृढ़ीकरण |





