AI पार्क का रणनीतिक विजन
तमिलनाडु सरकार ने भारत का पहला ₹10,000 करोड़ का सॉवरेन आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस पार्क स्थापित करने के लिए सर्वम AI के साथ एक बड़ा MoU साइन किया है।
यह पहल तमिलनाडु को AI इंफ्रास्ट्रक्चर संप्रभुता और स्वदेशी डिजिटल क्षमता निर्माण में एक राष्ट्रीय लीडर के रूप में स्थापित करती है।
यह प्रोजेक्ट एक फुल-स्टैक AI डिस्ट्रिक्ट के रूप में डिज़ाइन किया गया है। यह कंप्यूट इंफ्रास्ट्रक्चर, सुरक्षित डेटा सिस्टम, AI रिसर्च लैब और इनोवेशन क्लस्टर को एक ही इकोसिस्टम में इंटीग्रेट करेगा।
यह मॉडल AI डेवलपमेंट को बिखरे हुए प्रोजेक्ट्स से केंद्रीकृत संप्रभु क्षमता निर्माण की ओर ले जाता है।
स्टैटिक GK तथ्य: तमिलनाडु टेक्नोलॉजी मैन्युफैक्चरिंग में भारत के अग्रणी राज्यों में से एक है, जो भारत के इलेक्ट्रॉनिक्स और IT निर्यात में महत्वपूर्ण योगदान देता है।
फुल-स्टैक AI इकोसिस्टम मॉडल
AI पार्क एक संपूर्ण AI वैल्यू चेन हब के रूप में काम करेगा। इसमें हाई-परफॉर्मेंस कंप्यूटिंग सुविधाएं, सुरक्षित डेटा आर्किटेक्चर, मॉडल ट्रेनिंग सिस्टम और AI प्रोडक्ट डेवलपमेंट ज़ोन शामिल होंगे।
पारंपरिक टेक पार्कों के विपरीत, यह मॉडल डेटा, एल्गोरिदम और कंप्यूट संसाधनों पर संप्रभु नियंत्रण पर केंद्रित है। यह सुनिश्चित करता है कि डेटा, मॉडल और कंप्यूटिंग राज्य की भरोसे की सीमा के भीतर रहें, जिससे एक सुरक्षित AI इकोसिस्टम बनता है।
स्टैटिक GK टिप: डेटा संप्रभुता उस सिद्धांत को संदर्भित करती है कि डिजिटल डेटा उस राष्ट्र के कानूनों और शासन के अधीन है जहां इसे संग्रहीत और संसाधित किया जाता है।
शासन में AI के लिए संस्थान
एक प्रमुख संस्थागत विशेषता शासन में AI के लिए एक संस्थान का निर्माण है। यह निकाय प्रशासन, सेवा वितरण और नीति नियोजन में सार्वजनिक क्षेत्र के AI परिनियोजन का समर्थन करेगा।
AI को कल्याण लक्ष्यीकरण, शहरी नियोजन, डिजिटल सार्वजनिक सेवाओं और प्रशासनिक दक्षता जैसे क्षेत्रों के लिए शासन प्रणालियों में एकीकृत किया जाएगा। यह प्रायोगिक AI उपयोग से संस्थागत AI शासन ढांचे की ओर बदलाव को दर्शाता है।
स्टैटिक GK तथ्य: भारत में ई-गवर्नेंस नेशनल ई-गवर्नेंस प्लान (NeGP) द्वारा निर्देशित है, जिसे सरकारी सेवाओं को डिजिटाइज़ करने के लिए लॉन्च किया गया था।
रोजगार और कौशल निर्माण पर प्रभाव
AI पार्क से लगभग 1,000 उच्च-कुशल डीप-टेक नौकरियां पैदा होने की उम्मीद है। इनमें AI इंजीनियरिंग, डेटा साइंस, मॉडल ट्रेनिंग, साइबर सुरक्षा, AI नैतिकता और सिस्टम आर्किटेक्चर में भूमिकाएं शामिल होंगी।
यह ज्ञान-आधारित आर्थिक क्षेत्रों में तमिलनाडु की स्थिति को मजबूत करता है। यह भारत के IT सेवाओं से डीप-टेक इनोवेशन इकोनॉमी की ओर बदलाव को भी सपोर्ट करता है।
सर्वम AI और इंडियाAI मिशन की भूमिका
इंडियाAI मिशन के तहत चुने गए सर्वम AI, फाउंडेशनल AI मॉडल के डेवलपमेंट का नेतृत्व करेगा। ये मॉडल भारतीय भाषाओं, वॉयस टेक्नोलॉजी और रीजनिंग सिस्टम पर फोकस करेंगे।
यह भाषाई समावेशन को सपोर्ट करता है, जिससे AI सिस्टम क्षेत्रीय और स्थानीय भारतीय भाषाओं में काम कर सकें। यह विदेशी फाउंडेशनल AI मॉडल पर भारत की निर्भरता को भी कम करता है।
स्टैटिक GK टिप: भारत में संविधान की आठवीं अनुसूची के तहत 22 आधिकारिक तौर पर मान्यता प्राप्त भाषाएँ हैं।
राष्ट्रीय रणनीतिक महत्व
यह AI पार्क डिजिटल निर्भरता से डिजिटल संप्रभुता की ओर एक बदलाव का प्रतिनिधित्व करता है। यह तकनीकी आत्मनिर्भरता, डेटा सुरक्षा और AI गवर्नेंस नेतृत्व के भारत के व्यापक लक्ष्यों के अनुरूप है।
इंफ्रास्ट्रक्चर, रिसर्च, गवर्नेंस और इनोवेशन को इंटीग्रेट करके, यह प्रोजेक्ट एक लॉन्ग-टर्म संप्रभु AI इकोसिस्टम बनाता है। यह भारत में भविष्य के राज्य-नेतृत्व वाले AI औद्योगिक क्लस्टर के लिए एक मॉडल स्थापित करता है।
स्थिर उस्थादियन समसामयिक घटनाएँ तालिका
| विषय | विवरण |
| परियोजना का नाम | भारत का पहला संप्रभु एआई पार्क |
| राज्य | तमिलनाडु |
| निवेश आकार | ₹10,000 करोड़ |
| साझेदार संगठन | सर्वम एआई |
| राष्ट्रीय कार्यक्रम | इंडिया एआई मिशन |
| मुख्य मॉडल | पूर्ण-स्टैक एआई जिला |
| शासन संस्था | शासन के लिए एआई संस्थान |
| रोजगार सृजन | लगभग 1,000 डीप-टेक नौकरियाँ |
| डेटा नीति | राज्य-आधारित ट्रस्ट सीमा डेटा संप्रभुता |
| फोकस क्षेत्र | एआई अवसंरचना, भारतीय भाषा मॉडल, सुरक्षित एआई पारिस्थितिकी तंत्र |





