अवलोकन
तमिलनाडु का कोवलम बीच लगातार पाँचवें वर्ष अंतरराष्ट्रीय ब्लू फ्लैग प्रमाणन प्राप्त करने में सफल रहा है।
यह मान्यता विश्व की सबसे प्रतिष्ठित पर्यावरण-अनुकूल बीच इको-लेबल्स में से एक है।
यह सुनिश्चित करता है कि पर्यटक स्वच्छ, सुरक्षित और पर्यावरणीय रूप से ज़िम्मेदार तटीय क्षेत्रों का अनुभव करें।
ब्लू फ्लैग प्रमाणन का अर्थ
ब्लू फ्लैग एक वैश्विक इको-लेबल है, जिसे फाउंडेशन फॉर एनवायरनमेंटल एजुकेशन (FEE), डेनमार्क प्रदान करती है।
यह प्रमाणन दर्शाता है कि बीच पर्यावरण गुणवत्ता, सुरक्षा और अवसंरचना के कठोर अंतरराष्ट्रीय मानकों को पूरा करता है।
Static GK fact: ब्लू फ्लैग कार्यक्रम 1985 में फ्रांस में शुरू हुआ था और आज 50 से अधिक देशों में लागू है।
कोवलम बीच की महत्वपूर्ण उपलब्धि
कोवलम बीच को पहली बार 21 सितंबर 2021 को ब्लू फ्लैग प्रमाणन मिला, जिससे यह तमिलनाडु का पहला ब्लू फ्लैग बीच बना।
लगातार पाँच साल तक यह दर्जा बनाए रखना इसकी उच्च पर्यावरणीय और पर्यटन मानकों के प्रति निरंतर प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
बीच पर निरंतर स्वच्छता, कचरा प्रबंधन और सुरक्षित मनोरंजन सुविधाएँ उपलब्ध रहती हैं।
ब्लू फ्लैग प्रमाणन के मानक
ब्लू फ्लैग दर्जा प्राप्त करने और बनाए रखने के लिए बीच को 33 मानकों का पालन करना होता है।
इनमें जल गुणवत्ता, सुरक्षा सेवाएँ, पर्यावरण शिक्षा, कचरा प्रबंधन और पर्यावरण-अनुकूल अवसंरचना शामिल हैं।
हर साल इन मानकों का मूल्यांकन किया जाता है ताकि गुणवत्ता बरकरार रहे।
Static GK Tip: भारत में ब्लू फ्लैग कार्यक्रम MoEFCC के अंतर्गत SICOM द्वारा लागू किया जाता है।
तमिलनाडु के लिए महत्व
कोवलम की यह उपलब्धि तमिलनाडु की तटीय पर्यटन क्षमता को मजबूत करती है।
यह राज्य के तटीय प्रबंधन और वैश्विक सततता मॉडल अपनाने के प्रयासों को भी दर्शाती है।
Static GK fact: तमिलनाडु भारत की दूसरी सबसे लंबी तटरेखा वाला राज्य है—यह 1,076 किमी लंबी है।
सतत पर्यटन को बढ़ावा
ब्लू फ्लैग मान्यता पर्यटकों को स्वच्छ और सुरक्षित बीच चुनने के लिए प्रेरित करती है।
यह स्थानीय प्राधिकरणों को सालभर उच्च मानकों को बनाए रखने के लिए प्रोत्साहित करती है।
यह भारत के व्यापक इको-टूरिज्म प्रयासों के अनुरूप है।
पर्यावरणीय और सामाजिक प्रभाव
जल गुणवत्ता में सुधार, प्रभावी कचरा पृथक्करण, सुरक्षा सेवाएँ और जन-जागरूकता कार्यक्रम—ये सभी पर्यटकों के अनुभव को बेहतर बनाते हैं।
नियमित निगरानी समुद्री पारिस्थितिकी की सुरक्षा सुनिश्चित करती है, जिससे स्थानीय समुदायों और जैव विविधता दोनों को लाभ मिलता है।
स्टैटिक उस्तादियन करंट अफेयर्स टेबल
| विषय (Topic) | विवरण (Detail) |
| प्रमाणन | कोवलम बीच ने लगातार पाँचवें वर्ष ब्लू फ्लैग प्रमाणन प्राप्त किया |
| पहली मान्यता | 21 सितंबर 2021 |
| प्रमाणन संस्था | फाउंडेशन फॉर एनवायरनमेंटल एजुकेशन (FEE), डेनमार्क |
| कुल मानक | 33 मानकों का मूल्यांकन |
| मुख्य मानक | जल गुणवत्ता, सुरक्षा, स्वच्छता, कचरा प्रबंधन, पर्यावरण-अनुकूल सुविधाएँ |
| राज्य उपलब्धि | तमिलनाडु का पहला ब्लू फ्लैग बीच |
| पर्यटन प्रभाव | सतत और ज़िम्मेदार पर्यटन को बढ़ावा |
| पर्यावरणीय लाभ | तटीय संरक्षण और सुरक्षित सार्वजनिक पहुंच |
| राष्ट्रीय समर्थन | MoEFCC के अंतर्गत SICOM द्वारा लागू |
| क्षेत्रीय महत्व | तमिलनाडु की लंबी तटीय रेखा की पर्यटन प्रोफ़ाइल को मजबूत करता है |





